*दस्तक अभियान और टीकाकरण की स्थिति जानने को गांव की गलियों में उतरे सीएमओ*
धूप और लू को देखते हुए समय से नियमित टीकाकरण सत्र शुरू करने की हिदायत दी
हरसेवकपुर आयुष्मान आरोग्य मंदिर पहुंच कर उपलब्ध सेवाओं को परखा
*गोरखपुर।* मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ राजेश झा ने दस्तक अभियान और नियमित टीकाकरण कार्यक्रम की स्थिति का जायजा लेने के लिए शनिवार को अचानक चरगांवा ब्लॉक के छोटी जमुनहिया गांव का दौरा किया । वह गांव की गलियों में दस्तक अभियान की हकीकत परखते हुए सीधे नियमित टीकाकरण सत्र स्थल पहुंच गये। वहां एएनएम और अन्य सहयोगियों को निर्देश दिया कि गर्मी, धूप और लू को देखते हुए सुबह समय से सत्र शुरू किया जाए ताकि अधिकाधिक बच्चों और गर्भवती को लाभ मिल सके। इससे पहले वह हरसेवकपुर आयुष्मान आरोग्य मंदिर पहुंचे और वहां उपलब्ध प्रत्येक सेवा की जानकारी ली।
हरसेवकपुर आयुष्मान आरोग्य मंदिर पर सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारी (सीएचओ) पूजा मिश्रा से सीएमओ ने सभी दवाओं के बारे में जानकारी प्राप्त की। सीएचओ ने उन्हें बताया कि केंद्र पर बारह प्रकार की बीमारियों के लिए स्क्रीनिंग होती है और मरीजों के लिए 58 प्रकार की दवाएं उपलब्ध हैं। प्रतिदिन सात से आठ मरीजों को टेलीकंसल्टेशन के जरिये विशेषज्ञ चिकित्सकों की सलाह दिलाई जाती है। सीएमओ ने अपने सामने ई कवच पर फीडिंग करवा कर देखा और उपलब्ध रिकॉर्ड एवं सीबैक फार्म की जांच की।
अचानक सीएमओ ने नियमित टीकाकरण सत्र देखने के लिए कहा और छोटी जमुनहियां गांव चल पड़े। गांव पहुंचने के बाद उन्होंने ग्रामीणों से दस्तक अभियान के बारे में बात की। वह एक ग्रामीण के घर पहुंचे जहां पंद्रह वर्ष से कम उम्र का बच्चा मौजूद था। उन्होंने ऐसे घरों पर लगाए जाने वाले स्टीकर को देखा और बच्चे के पिता से उसके स्वास्थ्य के बारे में पूछा। उन्होंने उस परिवार को बताया कि अगर बच्चे को कभी भी बुखार आए तो नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र पर उपलब्ध प्रशिक्षित चिकित्सक से ही इलाज कराएं। तेज बुखार होने पर अस्पताल जाने के लिए 108 नंबर एम्बुलेंस सेवा का भी इस्तेमाल कर सकते हैं। इसके बाद वह गांव में नियमित टीकाकरण सत्र स्थल पर पहुंचे जहां एएनएम को हिदायत दी कि मौसम को देखते हुए सत्र समय से शुरू किया जाना चाहिए। उन्होंने सत्र स्थल पर उपलब्ध दवाओं, टीकों और उपकरणों की जांच की। ड्यू लिस्ट देखा और कहा कि घर घर यह संदेश पहुंचाएं कि बच्चे को जन्म से पांच साल की उम्र तक सात बार नियमित टीका लगना जरूरी है। एक भी बच्चा टीकाकरण से वंचित न हो पाए।
इस अवसर पर प्रभारी चिकित्सा अधिकारी डॉ धनंजय कुशवाहा, डीसीपीएम रिपुंजय पांडेय, एचईओ मनोज कुमार, बीसीपीएम चंद्रशेखर यादव, आशा, आंगनबाड़ी और एएनएम मौजूद रहीं।



