गोरखपुर राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद, गोरखपुर इकाई की एक आवश्यक बैठक रविवार को विकास भवन परिसर में आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता विकास भवन इकाई के अध्यक्ष गोविन्द जी ने की तथा संचालन परिषद के महामंत्री मदन मुरारी शुक्ल ने किया। बैठक में राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद, गोरखपुर के अध्यक्ष रूपेश कुमार श्रीवास्तव मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे।
बैठक में कर्मचारियों की विभिन्न लंबित एवं ज्वलंत समस्याओं पर विस्तार से चर्चा की गई। प्रमुख रूप से पुरानी पेंशन योजना की बहाली, आठवें वेतन आयोग में 3.86 फिटमेंट फैक्टर लागू करने, कोरोना काल में फ्रीज किए गए महंगाई भत्ते (डीए) के एरियर का भुगतान करने 50% महंगाई भत्ता को मूल वेतन में मर्ज करने रेलवे किराया रियायत को बहाल करना तथा हाथों में वेतन आयोग के पूर्व अंतरिम राहत देने व अन्य कर्मचारी हितों से जुड़ी मांगों पर विचार-विमर्श किया गया। बैठक को संबोधित करते हुए परिषद के अध्यक्ष रूपेश कुमार श्रीवास्तव ने कहा कि कर्मचारी संगठन वर्षों से अपनी मांगों के समाधान के लिए शासन एवं प्रशासन को ज्ञापन, पत्राचार, धरना-प्रदर्शन और आंदोलन के माध्यम से अवगत कराते रहे हैं, लेकिन सरकार द्वारा कर्मचारियों की जायज मांगों पर कोई ठोस निर्णय नहीं लिया जा रहा है। इससे कर्मचारियों में व्यापक असंतोष व्याप्त है।
उन्होंने कहा कि सरकार के ध्यानाकर्षण करने के लिए जुलाई माह के दूसरे सप्ताह में डिप्लोमा इंजीनियर्स संघ भवन, गोरखपुर में कफन ओढ़कर प्रतीकात्मक रूप से लेटने का कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। यह कार्यक्रम कर्मचारियों की उपेक्षा के विरोध में एक शांतिपूर्ण लेकिन प्रभावी लोकतांत्रिक संदेश होगा।
श्री श्रीवास्तव ने कहा कि पुरानी पेंशन बहाली कर्मचारियों के भविष्य और सामाजिक सुरक्षा से जुड़ा अत्यंत महत्वपूर्ण विषय है। इसके अतिरिक्त आठवें वेतन आयोग में न्यायसंगत फिटमेंट फैक्टर लागू करना तथा कोरोना काल में रोके गए डीए एरियर का भुगतान करना कर्मचारियों का वैधानिक अधिकार है। उन्होंने सरकार से मांग की कि वर्ष 2027 में होने वाले उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव से पूर्व कर्मचारियों की सभी लंबित मांगों का समाधान किया जाए, अन्यथा सरकार को कर्मचारियों की नाराजगी का राजनीतिक खामियाजा भुगतना पड़ सकता है। बैठक में उपस्थित कर्मचारियों ने सर्वसम्मति से परिषद के प्रस्तावों का समर्थन करते हुए आंदोलन को सफल बनाने का संकल्प लिया तथा सरकार से शीघ्र सकारात्मक निर्णय लेने की मांग की। बैठक में प्रमुख रूप से गोविन्द जी, अशोक पांडेय, पं. श्याम नारायण शुक्ल, मदन मुरारी शुक्ल, राजेश मिश्रा, अनिल द्विवेदी, सुनील सिंह, बंटी श्रीवास्तव, अनूप कुमार, इंजीनियर सौरभ श्रीवास्तव, इजहार अली सहित बड़ी संख्या में कर्मचारी एवं पदाधिकारी उपस्थित रहे।

