
गोरखपुर जनपद के पीपीगंज आभूराम तुर्कवालिया में 11फरवरी को पंडित त्रिलोकी नाथ त्रिपाठी किसान इण्टर कॉलेज आभूराम तुर्कवलिया, गोरखपुर मे राष्ट्रीय सेवा योजना विशेष शिविर (सप्त दिवसीय) के सातवें व अन्तिम दिन विषेष शिविर का भव्य समापन हुआ व इस अवसर पर विद्यालय के अन्तिम वर्ष (कक्षा 12) के छात्र छात्राओं को कक्षा 11 के छात्र छात्राओं तथा विद्यालय परिवार द्वारा भव्य विदाई दी गई। मुख्य अतिथि विद्यालय के प्रबंधक इंजि ए एन त्रिपाठी ने कहा कि परोपकार से बड़ा कोई धर्म नहीं है। राष्ट्रीय सेवा योजना के कार्यक्रम हमे परोपकार और सेवा के भाव सिखाते है। उन्होने छात्र छात्राओं के उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनायें दी और कहा कि परीक्षा को उत्सव की तरह ले और अपना सर्वश्रेष्ठ देने के प्रयास करें।
विद्यालय के प्रधानाचार्य श्री डी एन त्रिपाठी ने कहा कि राष्ट्रीय सेवा योजना मे जो सीखा है उसे जीवन मे अपनाने की जरूरत है। उन्होने छात्र छात्राओं को आशीर्वाद देते हुए उनके सफलता का आशीर्वाद दिया।
कार्यक्रम अधिकारी डॉ शोभित श्रीवास्तव ने सप्ताह भर स्वयं सेवकों द्वारा किए गए कार्यों की रिपोर्ट प्रस्तुत की। उन्होने अपने उदबोधन में कहा कि शिविर के माध्यम से छात्र छात्राओं ने आत्मनिर्भर होना, सेवा करना, स्वयं जागरूक होना तथा दूसरों को जागरूक करना, शिक्षा के महत्त्व, मतदान के महत्त्व, लिंग भेद को मिटाना जैसे गुण तथा कार्य सीखे जिसे अपनाकर समाज में बदलाव लाना होगा।
इसके पूर्व कार्यक्रम की शुरुवात मां सरस्वती व विद्यालय के संस्थापक प्रबंधक स्व पंडित त्रिलोकी नाथ त्रिपाठी जी व मां शकुंतला त्रिपाठी जी के चित्रों पर पुष्पांजलि व माल्यार्पण व दीप प्रज्ज्वलित कर हुआ।
इसके उपरान्त स्वय सेवकों द्वारा सरस्वती वंदना, स्वागत गीत सहित विभिन्न कार्यक्रम प्रस्तुत किए गए। विद्यालय के अन्तिम वर्ष के छात्र छात्राओं के विदाई कार्यक्रम भी आयोजित किया गया जिसमे छात्र ने ने विभिन्न प्रस्तुतियां की। सभी भावुक हो गए और अपने विद्यालय परिवार व शिक्षकाें के प्रति अपना स्नेह प्रदर्शित कर रहे थे। सभी शिक्षकों ने भी उन्हें आशीर्वाद देकर उनके उज्जवल भविष्य की कामना की सह कार्यक्रम अधिकारी पन्ने लाल गुप्ता ने स्वागत भाषण दिया व लक्ष्य गीत गाया जिसे सभी उपस्थित जनों ने दोहराया। उन्होने छात्र छात्राओं के प्रयासों की सराहना करते हुए उनके उज्जवल भविष्य की कामना की संचालन कार्यक्रम अधिकारी डॉ शोभित श्रीवास्तव ने किया
विद्यालय के सभी शिक्षक व कर्मचारी उपस्थित रहे।
